उत्तराखंड
इंटरनेशनल योग महोत्सव 2026: सीएम धामी ने किया शुभारंभ, बीटल्स आश्रम’ तक हेरिटेज वॉक बनेगी आकर्षण का केंद्र
योग की वैश्विक राजधानी ऋषिकेश एक बार फिर सात दिवसीय ‘इंटरनेशनल योग महोत्सव’ की मेजबानी के लिए तैयार है। सोमवार को मुनि की रेती स्थित गंगा रिसॉर्ट में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दीप प्रज्ज्वलित कर इस भव्य महोत्सव का विधिवत शुभारंभ किया। 16 से 22 मार्च तक चलने वाले इस महोत्सव का आयोजन गढ़वाल मंडल विकास निगम (GMVN) द्वारा किया जा रहा है। उद्घाटन समारोह के दौरान पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज, कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल और परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानंद मुनि महाराज सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शानदार प्रस्तुतियों के साथ शुरू हुए इस उत्सव ने पहले ही दिन देश-विदेश से आए योग साधकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
मुख्यमंत्री धामी ने इस अवसर पर कहा कि योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य के लिए जरूरी है, बल्कि यह मानसिक शांति और आध्यात्मिक प्रगति का मार्ग भी प्रशस्त करता है। महोत्सव के दौरान एक सप्ताह तक विभिन्न सत्रों का आयोजन किया जाएगा, जिसमें दुनिया भर के प्रख्यात आध्यात्मिक गुरु और योग विशेषज्ञ प्रतिभागियों को सुबह, दोपहर और शाम के सत्रों में योग की बारीकियों और आध्यात्मिक दर्शन से परिचित कराएंगे। इसके साथ ही, योग साधकों के मनोरंजन और आत्मिक शांति के लिए हर शाम सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन होगा। इसमें भजन संध्या, सॉन्ग नाइट और भारतीय शास्त्रीय संगीत जैसे विशेष कार्यक्रमों को शामिल किया गया है, ताकि प्रतिभागी योग के साथ-साथ उत्तराखंड की समृद्ध संस्कृति का भी आनंद ले सकें।
इस बार महोत्सव का एक मुख्य आकर्षण ‘विशेष हेरिटेज वॉक’ है। यह वॉक गंगा रिजॉर्ट से शुरू होकर 3 किलोमीटर की दूरी तय करते हुए ऐतिहासिक चौरासी कुटिया यानी ‘बीटल्स आश्रम’ तक पहुंचेगी। इस वॉक का उद्देश्य न केवल योग को बढ़ावा देना है, बल्कि ऋषिकेश के उन ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थलों को भी पर्यटन के मानचित्र पर मजबूती से स्थापित करना है, जिनसे आज भी कई भारतीय पर्यटक अनजान हैं। विशेष रूप से बीटल्स आश्रम, जो विदेशी पर्यटकों के बीच काफी लोकप्रिय है, उसे इस आयोजन के माध्यम से स्थानीय युवाओं और देश के अन्य हिस्सों से आए पर्यटकों के बीच लोकप्रिय बनाने की कोशिश की जा रही है। योग और विरासत का यह अनूठा संगम ऋषिकेश को अंतरराष्ट्रीय पर्यटन के क्षेत्र में एक नई पहचान दिलाने में सहायक सिद्ध होगा।





