Connect with us

उत्तराखंड

भारतीय रुपया 95.23 पर रिकॉर्ड गिरावट: डॉलर के मुकाबले पहली बार 95 पार, महंगाई का खतरा

अंतरराष्ट्रीय बाजार में जारी उथल-पुथल के कारण भारतीय रुपये में ऐतिहासिक गिरावट दर्ज की गई है. सोमवार को रुपया डॉलर के मुकाबले 39 पैसे टूटकर पहली बार 95 के स्तर को पार करते हुए 95.23 पर बंद हुआ. इस साल अब तक रुपया करीब 5.5 फीसदी तक कमजोर हो चुका है, जिससे न केवल विदेशी मुद्रा भंडार पर दबाव बढ़ा है, बल्कि घरेलू बजट और थोक महंगाई दर में भी बढ़ोत्तरी होने की आशंका है।

रुपये की गिरावट के तीन मुख्य कारण

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण कच्चे तेल के दाम महंगे हो गए हैं. भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े पैमाने पर आयात पर निर्भर है, जिससे तेल महंगा होने पर डॉलर की मांग बढ़ जाती है और रुपया कमजोर होता है। विदेशी निवेशक भारतीय शेयर बाजार और बॉन्ड से लगातार अपनी पूंजी निकाल रहे हैं।

यह भी पढ़ें 👉  कोयला गैसीकरण परियोजनाओं को 37,500 करोड़ रुपये का प्रोत्साहन, 2030 तक घरेलू ऊर्जा सुरक्षा लक्ष्य

अनुमान है कि इस साल अब तक विदेशी निवेशक करीब 20 अरब डॉलर की निकासी कर चुके हैं। वैश्विक बाजार में अमेरिकी डॉलर की मजबूती और बढ़ते जोखिम के कारण उभरते बाजारों की मुद्राओं पर भारी दबाव है, जिसका सीधा असर रुपये की कीमत पर पड़ा है।

आम जनता और अर्थव्यवस्था पर असर

जानकारों का मानना है कि रुपये की विनिमय दर में 10 फीसदी की गिरावट से थोक महंगाई करीब एक फीसदी तक बढ़ सकती है। रुपये के कमजोर होने से आयातित सामान महंगा हो जाएगा, जिसका सीधा असर आम आदमी की जेब और घरेलू बजट पर पड़ेगा।

यह भी पढ़ें 👉  हरीश रावत की बड़ी मांग: 'डी' श्रेणी ठेकेदारों के काम की सीमा 1.5 से बढ़ाकर 4 करोड़ करने का सुझाव

सराफा बाजार: चांदी चमकी, सोना हुआ सस्ता

दिल्ली सराफा बाजार में चांदी की कीमतों में 6,800 रुपये का बड़ा उछाल आया है, जिससे यह 2,49,500 रुपये प्रति किलोग्राम के भाव पर पहुँच गई है। इसके विपरीत, वैश्विक दबाव और अनिश्चितता के कारण सोना 2,000 रुपये सस्ता होकर 1,52,800 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ।

Ad Ad Ad

More in उत्तराखंड

Ad Ad Ad

Trending News

Follow Facebook Page