उत्तराखंड
विकासनगर में विकास कार्यों से बढ़ाई अव्यवस्था, जन संघर्ष मोर्चा ने तहसील घेराव कर जताया विरोध
विकासनगर में उत्तराखंड शहरी क्षेत्र विकास एजेंसी द्वारा 400 करोड़ की लागत से ULIP परियोजना के तहत सीवरेज और पेयजल लाइन बिछाने का कार्य इन दिनों किया जा रहा है, लेकिन इसमें विभाग और कार्यदायी संस्था की अनदेखी के कारण अव्यव्स्थाओं का अंबार लग चुका है। इसी संदर्भ में आज जन संघर्ष मोर्चा ने विकास कार्यों में भारी अव्यवस्थाओं को लेकर तहसील में हल्ला बोल दिया। जन संघर्ष मोर्चा के अध्यक्ष और GMVN के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने तहसील का घेराव कर जनता को हो रही परेशानियों के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया, यही नहीं आक्रोशित मोर्चा कार्यकर्ताओं ने मौके पर जिम्मेदारी अधिकारियों की अनुपस्थित पर रोष व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी नायब नाजिर को ज्ञापन भी सौंपा।
इस दौरान उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने आरोप लगाया कि UUSDA के माध्यम से लगभग 400 करोड़ रुपये की लागत से कराए जा रहे कार्यों में अव्यवस्थाओं के अतिरिक्त कुछ नहीं आ रहा। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि सड़कों को खोदकर आधा-अधूरा छोड़ दिया जा रहा है, समतलीकरण और पानी छिड़काव नहीं होने से धूल-मिट्टी उड़ रही है, जिससे राहगीरों और स्थानीय लोगों का जीवन दुश्वार हो गया है, कई स्थानों पर लोग चोटिल भी हो चुके हैं।
तत्काल कार्रवाई न होने पर तहसील में तालाबंदी
जन संघर्ष मोर्चा ने संबंधित संस्था और विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अधिकारी मौके पर विकास कार्यों का सुपरविजन नहीं कर रहे हैं और पूरा कार्य ठेकेदारों और मजदूरों के भरोसे छोड़ दिया गया है। कई जगह ऊंचे बने सीवरेज चैंबर दुर्घटनाओं को दावत दे रहे हैं, जन संघर्ष मोर्चा ने नगर पालिका और प्रशासन से तत्काल हस्तक्षेप की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि शीघ्र व्यवस्थाएं दुरुस्त नहीं की गईं तो तहसील में तालाबंदी की जाएगी।





