उत्तराखंड
देहरादून में कुट्टू के आटे से फूड पॉइजनिंग, स्वास्थ्य सचिव पहुंचे अस्पताल मरीजों का जाना हाल,
देहरादून: राजधानी देहरादून में नवरात्रि के दौरान उपवास में खाए जाने वाले कुट्टू के आटे से फूड पॉइजनिंग के मामले सामने आए हैं। कुट्टू का आटा खाने के बाद 250 से अधिक लोगों की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें शहर के अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया। स्वास्थ्य सचिव राजेश कुमार और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने अस्पतालों का दौरा कर मरीजों का हालचाल जाना और डॉक्टरों को बेहतर इलाज सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
मरीजों में उल्टी-दस्त और चक्कर की शिकायत
अस्पताल में भर्ती मरीजों ने बताया कि उन्होंने नवरात्रि व्रत के दौरान कुट्टू के आटे से बने पकवान खाए थे, जिसके कुछ समय बाद ही उन्हें उल्टी, दस्त, पेट दर्द और चक्कर आने जैसी शिकायतें होने लगीं। कई मरीजों की हालत गंभीर बनी हुई है, जबकि कुछ की स्थिति स्थिर बताई जा रही है।
खाद्य विभाग की छापेमारी शुरू
घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और खाद्य सुरक्षा विभाग अलर्ट मोड में आ गया है। स्वास्थ्य सचिव ने अधिकारियों को खाद्य पदार्थों की जांच के निर्देश दिए हैं। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) की टीमें शहरभर में सक्रिय हो गई हैं और संदिग्ध खाद्य उत्पादों के सैंपल इकट्ठा कर जांच के लिए भेजे जा रहे हैं। एफडीए ने कई दुकानों और आटा मिलों पर छापेमारी भी शुरू कर दी है।
खाद्य मिलावट करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी
स्वास्थ्य सचिव राजेश कुमार ने मिलावटखोरी पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने साफ किया कि खाद्य सामग्री में मिलावट करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आटे के नमूनों की जांच जारी
प्रारंभिक जांच में मिलावटी आटे की आशंका जताई जा रही है, लेकिन खाद्य विभाग की लैब में जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी। स्वास्थ्य विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे सतर्क रहें और केवल प्रमाणित दुकानों से ही खाद्य सामग्री खरीदें।
इस घटना ने शहर में हड़कंप मचा दिया है, और लोग खाद्य सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। प्रशासन पूरी सतर्कता के साथ इस मामले की जांच कर रहा है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।


